आज Google 27th birthday है। ये google सिर्फ नाम नहीं बल्कि हर किसी की जिंदगी में एक हम हिस्सा है । ऐसा कोई नहीं है जो google का किसी न किसी तरह से इस्तेमाल न करता हो । एक साधारण सर्च इंजन के रूप में शुरू हुई यह कंपनी आज पूरी दुनिया की डिजिटल लाइफलाइन बन चुकी है। चाहे सवालों के जवाब हों, रास्ता ढूंढना हो, स्मार्टफोन चलाना हो या YouTube पर वीडियो देखना हो — Google हर जगह मौजूद है। यह सिर्फ एक टेक कंपनी नहीं रही, बल्कि लोगों की ज़िंदगी का अभिन्न हिस्सा बन गई है। और अब ये 27 साल का हो चुका है ।
Google 27th birthday doodle ने यूजर्स को किया खुश
हर साल की तरह इस बार भी गूगल ने अपनी एनिवर्सरी पर खास Google’s 27th birthday doodle लॉन्च किया। रंग-बिरंगे डूडल के जरिए गूगल ने यूजर्स को याद दिलाया कि उसने किस तरह 27 सालों में अरबों लोगों की जिंदगी को आसान बनाया है और आज भी निरंतर समय के साथ और अधिक तेजी और आधुनिकता के साथ काम कर रहा है ।
Google 27th birthday meaning: आखिर क्या है खास?
27वां जन्मदिन गूगल के लिए सिर्फ एक संख्या नहीं है। यह एक ऐसा माइलस्टोन है, जो बताता है कि किस तरह 1998 में शुरू हुआ एक स्टार्टअप अब दुनिया की सबसे बड़ी टेक कंपनियों में गिना जाता है। गूगल का मतलब आज सिर्फ “खोज” नहीं, बल्कि “सीखना, जुड़ना और बढ़ना” भी है।
Google बहुत से लोगों के लिए प्रेरणादाई संस्था भी है । क्योंकि एक छोटे से गेराज से शुरू की गई ये कंपनी आज दुनिया की सबसे बड़ी tech कंपनी है । इस से ये सीख मिलती है कि हर चीन zero से शुरू होती है लेकिन उसमें की गई मेहनत और लगन उसे एक दिन बहुत बड़ा बना देती है ।
BackRub से Google बनने तक की कहानी
गूगल की नींव 1996 में रखी गई, जब स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी के दो स्टूडेंट्स लैरी पेज और सर्गेई ब्रिन ने “BackRub” नामक प्रोजेक्ट शुरू किया। यह Web page को उनकी लिंकिंग के आधार पर रैंक करता था। यही प्रोजेक्ट बाद में Google का आधार बना। और आज भी उसी आधार पर google रैंक और index करता है । जिसकी नींव लैरी पेज और सर्गेई ब्रिन ने रखी थी ।
Google का जन्म गैराज में
सितंबर 1998 में Google Inc. की आधिकारिक शुरुआत हुई। पहला ऑफिस कैलिफोर्निया के मेनलो पार्क में था, जहां Susan Wojcicki (बाद में YouTube की CEO) ने अपना गैराज किराए पर दिया। वही गैराज आज दुनिया की सबसे बड़ी टेक क्रांति का गवाह है।
पहला बड़ा निवेश और सफलता की उड़ान
Google की किस्मत तब बदली जब Sun Microsystems के को-फाउंडर एंडी बेचटोशाइम ने कंपनी को $100,000 का चेक लिखा। मजेदार बात यह है कि उस वक्त कंपनी का बैंक अकाउंट भी नहीं खुला था। अब आप सोचो कि उस समय कम्पनी ने भी नहीं सोचा होगा कि एक दिन हम tech बादशाह होंगे। यह निवेश गूगल के शुरुआती ग्रोथ का आधार बना और फिर tech इतिहास की एक नई कहानी शुरू हुई ।
गैराज से Palo Alto और फिर दुनिया तक
जैसे-जैसे गूगल का विस्तार हुआ, वह गैराज से Palo Alto और फिर सिलिकॉन वैली के बड़े दफ्तरों तक पहुंच गया। 2004 में गूगल ने पब्लिक होकर स्टॉक मार्केट में एंट्री की और इसके बाद तो कंपनी ने एक के बाद एक प्रोडक्ट्स लॉन्च कर टेक्नोलॉजी को ही बदल डाला और खुद को सबसे बड़े टेक जॉइंट के रूप में स्थापित कर लिया ।
Alphabet बनने तक का सफर
2015 में Google का रीऑर्गनाइजेशन हुआ और Alphabet Inc. की स्थापना की गई। इसके अंतर्गत YouTube, Android, Maps, AI, Gmail और Cloud जैसी सेवाओं को और बेहतर तरीके से मैनेज किया गया। वर्तमान समय में Alphabet का नेतृत्व भारतीय मूल के सुंदर पिचाई कर रहे हैं।
Google’s 27th birthday पर टेक दुनिया का नजरिया
टेक एक्सपर्ट्स मानते हैं कि गूगल ने दुनिया को सिर्फ सर्च इंजन नहीं दिया, बल्कि डिजिटल इकोसिस्टम बनाया। Maps से लेकर Gmail तक, Android से लेकर YouTube तक, गूगल ने हमारी लाइफस्टाइल को पूरी तरह बदल दिया है।
अभी के ai के दौर में भी google वही अपनी पुरानी रणनीति पर काम कर रहा है और पूरा का पूरा ai ईको सिस्टम बनाता जा रहा है । बहुत सारे ai startup मार्केट में आए लेकिन गूगल ने उस ai start-up का business अपने सिर्फ एक पेज में समा लिया । इसलिए गूगल अब ai के दौर में भी सबको पछाड़ कर अपना बादशाहत कायम कर रहा है म














